वक्फ संशोधन विधेयक की संवैधानिकता को बहुत जल्द देंगे उच्चतम न्यायायालय में चुनौती : कांग्रेस
We will soon challenge the constitutionality of the Wakf Amendment Bill in the Supreme Court: Congress

नई दिल्ली, कांग्रेस ने शुक्रवार को कहा कि वह संसद से पारित ‘वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2025’ की संवैधानिकता को ‘‘बहुत जल्द’’ उच्चतम न्यायालय में चुनौती देगी।राज्यसभा ने वक्फ बोर्ड में पारदर्शिता बढ़ाने सहित कई महत्वपूर्ण प्रावधानों वाले ‘वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2025 को बृहस्पतिवार को मंजूरी दे दी। इसी के साथ संसद में यह विधेयक पारित हो गया। लोकसभा ने बुधवार देर रात करीब दो बजे इस विधेयक को पारित कर दिया था।कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘वक्फ संशोधन विधेयक के बारे में देश में ऐसा माहौल बना है कि अल्पसंख्यकों को परेशान करने के लिए यह विधेयक लाया गया है। लोकसभा में देर रात यह विधेयक पारित हुआ तो इसके पक्ष में 288 और विपक्ष में 232 वोट पड़े। ऐसा क्यों हुआ? इसका मतलब है कि विधेयक में बहुत खामियां हैं।’’उन्होंने कहा, ‘‘इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि विभिन्न दलों के विरोध के बाद भी मनमानी से यह विधेयक लाया गया। यह ‘जिसकी लाठी, उसकी भैंस’- किसी के लिए ठीक नहीं होगा।’’कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘कांग्रेस वक्फ (संशोधन) विधेयक की संवैधानिकता को उच्चतम न्यायालय में बहुत जल्द चुनौती देगी।’’
उन्होंने कहा, ‘‘हम भारत के संविधान में निहित सिद्धांतों, प्रावधानों और परंपराओं पर नरेन्द्र मोदी सरकार के सभी हमलों का विरोध करते रहेंगे।’’रमेश ने कहा कि कांग्रेस ने ‘नागरिकता (संशोधन) अधिनियम (सीएए) 2019’ को चुनौती दी जिस पर उच्चतम न्यायालय में सुनवाई जारी है।उन्होंने कहा कि ‘आरटीआई (सूचना का अधिकार) अधिनियम, 2005’ में 2019 के संशोधनों को भी कांग्रेस ने चुनौती दी जिस पर उच्चतम न्यायालय में सुनवाई जारी है।कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘‘निर्वाचन का संचालन नियम (2024)’ में संशोधनों की वैधता को कांग्रेस ने चुनौती दी और उसकी उच्चतम न्यायालय में सुनवाई हो रही है।’’रमेश ने कहा, ‘‘‘उपासना स्थल अधिनियम, 1991’ की मूल भावना को बनाए रखने संबंधी कांग्रेस की याचिका पर उच्चतम न्यायलय में सुनवाई की जा रही है।’’




